है दी आवाज़ Hai di awaaz
A
hindiOriginal Key: Apraise
है दी आवाज़ Hai di awaaz
Key: A
Instrument: guitar
Aहै दी आवाज़ फरिश्तों ने ज़मीं के F#mलोगों Dको,
उतर Aआया जहां में F#mआज खुदा A-E7-A//इंसान बन कर। है दी आवाज़…
Aवह आया है गुनाह की कैद से Dआज़ाद करने को,
जो उजड़े Dज़िन्दगी के बाग उन्हें Aआबाद करने को।
न हो Aमायूस खुदा C#mआया, Dउम्मीदों का जहां बन Bmकर
Aजो बैठे हैं अन्धेरे में वह आयें Dरोशनी देखें,
गमों में Eरहने वाले ज़िन्दगी की Aहर खुशी ले ले।
वह Aआया है खुदा C#mइंसान, मेहरDबान बन Bmकर।
Aहमारे वास्ते वह आसमानी Dप्यार लाया है,
नया Eजीवन नया राहें नया Aसंसार लाया है।
कभी जो Aखत्म ना हो C#mआज, ऐसी Dदास्तां बन Bmकर।