पुराना नियम · यहोशू · अध्याय 1 / 24
यहोशू 1
1यहोवा के दास मूसा की मृत्यु के पश्चात् यहोवा ने नून के पुत्र और मूसा के सेवक यहोशू से कहा,
2“मेरा दास मूसा अब नहीं रहा। इसलिए अब उठ और इन सब लोगों के साथ तू इस यरदन नदी को पार करके उस देश में प्रवेश कर जिसे मैं उन्हें, अर्थात् इस्राएलियों को देता हू।
3जैसा कि मैंने मूसा से कहा था, जिस-जिस स्थान पर तुम पांव रखोगे वह मैंने तुम्हें दे दिया है।
4जंगल और लबानोन से लेकर महानदी फ़रात तक हित्तियों के सारे प्रदेश तथा सूर्यास्त की ओर महासागर तक की सारी भूमि तुम्हारी होगी।
5तेरे जीवन भर कोई भी मनुष्य तेरे सामने ठहर नहीं सकेगा। जिस प्रकार मैं मूसा के साथ रहा उसी प्रकार तेरे साथ भी रहूंगा। न तो मैं तुझे धोखा दूंगा और न त्यागूंगा।
6हियाव बांध और दृढ़ हो, क्योंकि इन लोगों को तू ही उस देश पर अधिकार दिलाएगा जिसको इन्हें देने की शपथ मैंने इनके पूर्वजों से खाई थी।
7तू केवल हियाव बांध और अत्यधिक दृढ़ हो। मेरे दास मूसा ने जो व्यवस्था दी है उसकी सब आज्ञाओं के अनुसार व्यवहार करने के लिए सावधान रह। उनसे न दाहिने मुड़ना न बाएं जिससे जहां जहां भी तू जाए वहां-वहां सफलता प्राप्त करे।
8व्यवस्था की यह पुस्तक तेरे मुंह से कभी दूर न हो, परन्तु इस पर दिन-रात ध्यान करते रहना जिससे तू उसमें लिखी हुई बातों के अनुसार आचरण करने के लिए सावधान रह सके। तब तू अपने मार्ग को सफल बना सकेगा और सफलता प्राप्त करेगा।
9क्या मैंने तुझे आज्ञा नहीं दी है? हियाव बांध और दृढ़ हो। न डर और न हताश हो, क्योंकि जहां-जहां भी तू जाए वहां-वहां तेरा प्रभु परमेश्वर तेरे साथ रहेगा।”
10तब यहोशू ने प्रजा के अधिकारियों को यह आज्ञा दी,
11“छावनी के बीच से जाते हुए प्रजा के लोगों को आज्ञा दो, अपने-अपने लिए भोजन-वस्तुएं तैयार कर रखो, क्योंकि तीन दिन के अन्दर तुम्हें इस यरदन नदी को पार करना है जिससे कि तुम उस देश को अधिकार में ले लो जिसे तुम्हारा प्रभु यहोवा तुम्हारे अधिकार में देने को है।”
12फिर यहोशू ने रूबेनियों, गादियों और मनश्शे गोत्र के आधे वंशजों से कहा,
13“परमेश्वर के दास मूसा ने तुम्हें जिस बात की आज्ञा दी थी उसे स्मरण करोः ‘तुम्हारा यहोवा परमेश्वर तुम्हें विश्राम देता है और तुम्हें यह देश देगा।’
14तुम्हारी पत्नियां, तुम्हारे बाल-बच्चे तथा तुम्हारे पशु इसी देश में रहेंगे जिसे मूसा ने तुम्हें यरदन के इसी पार दिया है, परन्तु तुम सब वीर योद्धा सैनिक-वेश में अपने भाइयों के आगे-आगे पार जाकर उनकी तब तक सहायता करोगे
15जब तक प्रभु तुम्हारे भाइयों को भी वैसा ही विश्राम नहीं दे देता, जैसा उसने तुम्हें दिया है, और वे भी उस भूमि पर अधिकार नहीं कर लेते जो तुम्हारा यहोवा परमेश्वर उन्हें प्रदान कर रहा है। उसके पश्चात् तुम अपने निज देश को लौट जाओगे और यरदन के इस पार पूर्व की दिशा के देश पर अधिकार कर लोगे जिसे यहोवा के दास मूसा ने तुम्हें दिया है।”
16तब उन्होंने यहोशू को उत्तर दिया, “जो कुछ आज्ञाएं तूने हमें दी हैं हम उनका पालन करेंगे, और जहां कहीं तू हमें भेजे वहां हम जाएंगे।
17जिस प्रकार हम सब बातों में मूसा के आज्ञाकारी रहे उसी प्रकार तेरे भी रहेंगे, केवल इतना हो कि तेरा यहोवा परमेश्वर तेरे साथ वैसा ही रहे जैसा वह मूसा के साथ रहता था।
18जो कोई तेरी आज्ञा का विरोध करे और तेरी दी गई आज्ञाओं का उल्लंघन करे वह मार डाला जाएगा। तू केवल हियाव बांध और दृढ़ हो।”
पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)