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पुराना नियम · भजन संहिता · अध्याय 130 / 150

भजन संहिता 130

1यात्रा का गीत। हे यहोवा, मैंने तुझे गहराइयों में से पुकारा है।

2हे प्रभु, मेरी पुकार सुन ले! मेरे गिड़गिड़ाने की ओर तेरे कान लगे रहे।

3हे याह, यदि तू अधर्मों का लेखा लेता, तो हे प्रभु, कौन टिक पाता?

4परन्तु तू तो क्षमा करने वाला है, कि लोग तेरा भय माने।

5मैं यहोवा की बाट जोहता हूं, हां, मेरा प्राण उसी को चाहता है, और उसके वचन पर मेरी आस लगी रहती है।

6पहरुए जितना भोर को चाहते हैं, हां, पहरुए जितना भोर को चाहते हैं, उससे भी अधिक मेरा प्राण प्रभु को चाहता है।

7हे इस्राएल, यहोवा पर आशा लगाए रह! क्याेंकि यहोवा करुणा करने वाला और पूरा छुटकारा देने वाला है,

8और वही तो इस्राएल को सारे अधर्मों से छुड़ाएगा।

पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)