पुराना नियम · 1 इतिहास · अध्याय 7 / 29
1 इतिहास 7
1इस्साकार के चार पुत्र, अर्थात् तोला, पूआ, याशूब और शिम्रोन थे।
2और तोला के पुत्र ये थेः उज्जी, रपायाह, यरीएल, यहमैने यिबसाम, और शमूएल। ये अपने-अपने पूर्वजों के घराने के मुख्य पुरफ़ष थे। तोला-वंशियों में पीढ़ी दर पीढ़ी पराक्रमी योद्धा हुए। दाऊद के दिनों में उनकी संख्या बाईस हजार छः सौ थी।
3और उज्जी का पुत्र यिज्र“याह था। और यिज्र“याह के पुत्र ये थेः मीकाएल, ओबघाह, योएल, और यिश्शिय्याह। ये पांचों प्रधान थे।
4और उनके साथ उनके पूर्वजों के घरानों की पीढ़ियों के अनुसार युद्ध के लिए छत्तीस हजार सैनिकों का दल था, क्योंकि उनके बहुत सी स्त्रियां और बहुत-से पुत्र थे।
5और इस्साकार के सब घरानों में उनके जितने भी भाई थे सब पराक्रमी और वीर पुरफ़ष थे, और वंशावली की गणना के अनुसार वे कुल सत्तासी हजार थे।
6बिन्यामीन के तीन पुत्र थेः बेला, बेकेर, और यदीएल।
7और बेला के पांच पुत्र थेः एसबोन, उज्जी, उज्जीएल, यरीमोत और ईरी। वे अपने पूर्वजों के घरानों के प्रधान और पराक्रमी वीर योद्धा थे, और अपनी वंशावली की गणना के अनुसार वे कुल बाईस हजार चौंतीस थे।
8और बेकेर के पुत्र थे जमीरा, योआश, एलिएजेर, एल्योएनै, ओम्री, यरेमोत, अबिय्याह, अनातोत और आलेमेत। बेकेर के ये सब पुत्र थे।
9पीढ़ी-पीढ़ी के अनुसार वंशवली में उनके पूर्वजों के घरानों के प्रधानों की गणना हुई, और वे बीस हजार दो सौ पराक्रमी और वीर योद्धा थे।
10यदीएल का पुत्र था बिल्हान। और बिल्हान के पुत्र थे यूश, बिन्यामीन, एहूद, कनाना, जेतान, तर्शीश और अहीशहर।
11ये सब यदीएल के वंशज थे। अपने पूर्वजों के घरानों के प्रधानों के अनुसार ये सत्तरह हजार दो सौ पराक्रमी और वीर योद्धा थे, जो सेना के साथ युद्ध में जाने के लिए तैयार थे।
12शुप्पी और हुप्पी लोग ईर के तथा हूशी लोग अहेर के वंशज थे।
13नप्ताली के पुत्र थे एहसीएल, गूनी, येसेर और शल्लूम। ये बिल्हा से उत्पन्न हुए।
14मनश्शे के पुत्र ये थेः अस्रीएल, जिसे उसकी अरामी रखैल ने जन्म दिया था; और उसने गिलाद के पिता माकीर को भी उत्पन्न किया।
15और माकीर ने हुप्पी-शुप्पी वंश से एक स्री ब्याह ली। उसकी बहन का नाम माका था। और दूसरे का नाम था सलोफ़ाद, और सलोफ़ाद के पुत्रियां थी।
16और माकीर की पत्नी माका के एक पुत्र उत्पन्न हुआ। और उसने उसका नाम पेरेश रखा; और उसके भाई का नाम शेरेश था, और इसके पुत्र ऊलाम और केम थे।
17और ऊलाम का पुत्र बदान था। ये गिलाद की सन्तान थे जो माकीर का पुत्र और मनश्शे का पोता था।
18और उसकी बहन हम्मोलेकेत ने ईशहोद, एलीएजेर और महला को जन्म दिया।
19और शमीदा के पुत्र ये थेः अ“यान, शेकेम, लिखी और अनीआम।
20और एप्रैम के वंशज ये थेः शूतेलह से बेरेद, और बेरेद से तहत, और तहत से एलादा, एलादा से तहत,
21तहत से जाबाद और जाबाद से शूतेलह और शूतेलह से येजेर और एलाद उत्पन्न हुए, जिनकी गत के लोगों ने जो उस देश में उत्पन्न हुए थे इसलिए हत्या कर दी कि वे उनके पशुधन को लेने आए थे।
22और उनका पिता एप्रैम बहुत दिन तक शोकग्रस्त रहा और उसके सम्बन्धी उसे सान्त्वना देने आए।
23तब वह अपनी पत्नी के पास गया, और उसने गर्भ धारण कर एक पुत्र को जन्म दिया और उसने यह कहकर उसको बेरिआ नाम दिया क्योंकि उसके घर में उसके कारण दुर्भाग्य आ गया था।
24उसकी पुत्री शेरा थी, जिसने नीचे और ऊपर वाले दोनों बेत-होरोन नामक नगरों, और उज्जेनशेरा का भी निर्माण कराया।
25और उसका पुत्र रेपा था और रेशेप भी, और उसका पुत्र तेलह था, तेलह का तहन,
26और तहन का लादान, लादान का अम्मीहूद, अम्मीहूद का एलीशामा,
27एलीशामा का नून और नून का पुत्र यहोशू था।
28और उनका अधिकार और उपनिवेश बेतेल और उसके नगरों और पूर्व में नारान और पश्चिम में गेजेर और उसके नगरों और शेकेम और उसके नगरों और अज्जा और उसके नगरों,
29और मनश्शेइयों की सीमाओं के समानान्तर, बेतशान और उसके नगरों, तनाक और उसके नगरों, मगिद्दो और उसके नगरों, दोर और उसके नगरों तक था, इनमें इस्राएल के पुत्र यूसुफ के वंशज रहते थे।
30आशेर के पुत्र ये थेः यिम्ना, यिश्वा, यिश्वी और बरीआ, और उनकी बहन सेरह।
31और बरीआ के पुत्र ये थेः हेबेर और मल्कीएल जो बिर्जोत का पिता था।
32और हेबेर, यपलेत, शेमेर, होताम और उनकी बहन शूआ का पिता हुआ।
33और यपलेत के पुत्र ये थेः पासक, बिम्हाल और अश्वात। ये येपलेत के ही पुत्र थे।
34और शेमेर के पुत्र थेः अही, रोहगा, यहुब्बा और अराम।
35और उसको भाई हेलेम के पुत्र ये थेः सोपह, यिम्ना, शेलेश और आमाल।
36और सोपह के पुत्र ये थेः सूह, हर्नेपेर, शूआल, वेरी, इम्रा और
37बेसेर, होद, शम्मा, शिलसा, यित्रन और बेरा।
38और येतेर के पुत्र ये थेः यपुन्ने, पिस्पा और अरा।
39और उल्ला के पुत्र आरह, हन्नीएल और रिस्या।
40ये सब आशेर के पुत्र और अपने पूर्वजों के परिवारों के प्रधान, और पराक्रमी और वीर योद्धा और राजकुमारों के प्रधान थे। और उनकी वंशावली की गणना के अनुसार सेना में युद्ध करने के लिए इन पुरफ़षों की संख्या छब्बीस हजार थी।
पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)