पुराना नियम · भजन संहिता · अध्याय 113 / 150
भजन संहिता 113
1याह की स्तुति करो। हे यहोवा के दासों, स्तुति करो। यहोवा के नाम की स्तुति करो।
2यहोवा का नाम अब से लेकर सर्वदा तक धन्य हो।
3उदयाचल से अस्ताचल तक, यहोवा का नाम स्तुति के योग्य है।
4यहोवा सब जातियों के ऊपर महान् है; उसकी महिमा आकाश से भी ऊपर है।
5हमारे परमेश्वर यहोवा के तुल्य कौन है? वह तो ऊंचे पर विराजमान है,
6और आकाश वरन् पृथ्वी पर भी दृष्टि करने के लिए नीचे झुकता है।
7वह कंगाल को मिट्टी पर से, और दरिद्र को घूरे पर से उठाकर ऊंचा करता है,
8कि उनको प्रधानों के साथ अर्थात् अपनी प्रजा के प्रधानों के साथ बैठाए।
9वह बांझ स्त्री को बच्चों की सुखी माता बनाकर घर में बसा देता है। याह की स्तुति करो!
पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)