पुराना नियम · जकर्याह · अध्याय 10 / 14
जकर्याह 10
1बसन्त-कालीन वर्षा के समय यहोवा से वर्षा मांगो- हां, उस यहोवा से जो वर्षा के बादल बनाता है। तब वह प्रत्येक मनुष्य को वर्षा की बौछार तथा खेतों में हरियाली देगा।
2गृह-देवता तो व्यर्थ बातें कहते तथा भावी कहने वाले झूठा दर्शन देखते और झूठे स्वप्न बताते है। वे व्यर्थ शान्ति देते है। इसलिए लोग भेड़ों के समान भटकते है। वे दुर्दशा में पड़े हैं क्योंकि कोई चरवाहा नहीं है।
3“मेरा क्रोध चरवाहों पर भड़का है, मैं बकरों को दण्ड दूंगा, क्योंकि सेनाओं के यहोवा ने यहूदा के घराने अर्थात् अपने झुंड पर दृष्टि की है, वह उनको अपने लिए युद्ध के प्रतापी घोड़ों के समान बनाएगा।
4उससे कोने का पत्थर, उसी से तम्बू की खूंटी, उसी से युद्ध का धनुष, तथा उसी से प्रत्येक शासक उत्पन्न होगा, सब एक साथ उसी से होंगे।
5वे शूरवीरों के समान होंगे जो शत्रु को युद्ध में गलियों की कीच में रौंदते है। वे लड़ेंगे क्योंकि यहोवा उनके साथ होगा, और घुड़सवार भी लज्जित किए जाएंगे।
6मैं यहूदा के घराने को सामर्थी बनाऊंगा, यूसुफ के घराने को छुड़ाऊंगा, और उनको वापस लाऊंगा क्योंकि मैंने उन पर तरस खाया है। वे ऐसे होंगे मानो मैंने उनको कभी त्यागा ही न हो क्योंकि मैं उनका परमश्ेवर यहोवा हूं, और मैं उनको उत्तर दूंगा।
7एप्रैम के लोग शूरवीरों के समान होंगे, और उनका मन ऐसा आनन्द-मग्न होगा मानो जैसा दाखमधु से होता है। निश्चय, उनके बाल-बच्चे इसे देखकर आनन्दित होंगे। तब उनका हृदय यहोवा में हर्षित होगा।
8मैं सीटी बजाकर उनको इकट्ठा करूंगा क्योंकि मैंने दाम देकर उन्हें छुड़ाया है। वे पहले के समान संख्या में अधिक हो जाएंगे।
9जब मैं उन्हें जाति-जाति के लोगों के बीच बिखेर दूंगा तब वे दूर-दूर के देशों में मेरा स्मरण करेंगे। और वे अपने बाल-बच्चों सहित जीवित रहेंगे और लौट आएंगे।
10मैं उन्हें मिस्र देश से लौटा लाऊंगा, और अश्शूर से इकट्ठा करूंगा, तथा गिलाद और लेबनोन के देश में यहां तक भरता जाऊंगा कि उनके लिए जगह शेष न रहेगी।
11वह संकटों के सागर से पार होगा, तथा उस सागर की लहरों पर वार करेगा जिससे नील नदी गहराई तक सूख जाएगी, और अश्शूर का घमंड चूर किया जाएगा, तथा मिस्र का राजदण्ड जाता रहेगा।
12मैं उन्हें यहोवा में सामर्थी करूंगा, और वे उसके नाम से चले-फिरेंगे,” यहोवा की यही वाणी है।
पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)