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श्रेष्ठगीत 8:6

तू मुझे मुहर के समान अपने हृदय पर लगा ले, तावीज के समान अपनी बांह पर बांध ले। क्योंकि प्रेम तो मृत्यु के तुल्य सामर्थी, और ईर्ष्या अधोलोक के समान निर्दयी है। उसकी लपटें तो आग की लपटें हैं, हां, यहोवा ही की लपटें है।

पवित्रशास्त्र का पाठ: Hindi Standard Version (HSV)

संदर्भ: श्रेष्ठगीत 8

3उसका बांया हाथ मेरे सिर के नीचे होता, और दाएं हाथ से वह मेरा आलिंगन करता।

4हे यरूशलेम की पुत्रियों, मुझसे शपथ खाओ, जब तक प्रेम स्वतः न जाग उठे तब तक तुम उसे न जगाना और न उकसाना।

5यह कौन है जो अपनी प्रियतम से लिपटी हुई जंगल से चली आ रही है? वधू मैंने तुझे सेब के वृक्ष के नीचे जगाया। वहां तेरी मां ने तेरे लिए प्रसव-पीड़ा सही। वहां वह प्रसव-पीड़ा में थी और तुझे जन्म दिया।

6तू मुझे मुहर के समान अपने हृदय पर लगा ले, तावीज के समान अपनी बांह पर बांध ले। क्योंकि प्रेम तो मृत्यु के तुल्य सामर्थी, और ईर्ष्या अधोलोक के समान निर्दयी है। उसकी लपटें तो आग की लपटें हैं, हां, यहोवा ही की लपटें है।

7अगाध जल-राशि प्रेम को नहीं बुझा सकती, न नदियां उसको डुबा सकती है। चाहे कोई प्रेम के बदले में अपने घर की सारी सम्पत्ति दे-दे फिर भी वह अत्यन्त तुच्छ-ठहरेगी। मित्र

8हमारी एक छोटी बहन है, उसके स्तन अभी नहीं उभरे है। जिस दिन हमारी बहन की मांग आए उस दिन हम उसके लिए क्या करेंगे?

9यदि वह दीवार होती तो हम उस पर चांदी का कंगूरा बना देते, पर यदि वह द्वार होती तो हम उसमें देवदार के पल्लों से आड़ लगा देते।

पूरा अध्याय पढ़ें: श्रेष्ठगीत 8

संबंधित पद

  • प्रकाशितवाक्य 12:11

    और वे मेमने के लहू के कारण और अपनी साक्षी के वचन के कारण उस पर विजयी हुए हैं, क्योंकि मृत्यु सहने तक भी उन्होंने अपने प्राणों को प्रिय न जाना।

  • यशायाह 49:16

    देख, मैंने तेरा नाम अपनी हथेली पर खोद कर लिख लिया है; तेरी शहरपनाह निरन्तर मेरे सामने है।

  • फिलिप्पियों 1:20–23

    मेरी हार्दिक आशा और अभिलाजा यह है कि मैं किसी बात में लज्जित न होऊं, परन्तु जैसे पूरे साहस से मसीह की महिमा मेरी देह से सदा होती रही है वैसे ही अब भी हो, चाहे मैं जीवित रहूं या मर जाऊ।

  • हाग्गै 2:23

    सेनाओं के यहोवा की यह वाणी है, ‘हे शालतीएल के पुत्र, मेरे दास जरुब्बाबेल, उस दिन मैं तुझे लेकर अंगूठी के समान रखूंगा’, यहोवा की यही वाणी है, ‘क्योंकि मैंने तुझे चुन लिया है’, सेनाओं के यहोवा की यही वाणी है।

  • यिर्मयाह 22:24

    “मेरे जीवन की सौगंध” यहोवा कहता है, “यहूदा का राजा यहोयाकीम का पुत्र कोन्याह चाहे मेरे दाहिने हाथ की अंगूठी ही क्यों न होता फिर भी मैं उसे निकाल फेंकता;

  • यूहन्ना 21:15–19

    अतः जब वे नाशता कर चुके, तो यीशु ने शमौन पतरस से कहा, “हे शमौन, यूहन्ना के पुत्र, क्या तू इनसे बढ़कर मुझसे प्रेम करता है?” उसने उससे कहा, “हाँ प्रभु, तू तो जानता है कि मैं तुझसे प्रीति करता हूँ।” उसने उससे कहा, “मेरे मेमनों को चरा।”

Cross-references ranked with OpenBible.info data (CC BY).